दुश्मनी भाग-५ 'प्यार का इजहार'
स्पीच की चोरी करने के बाद मोहित आराधना के सामने जाने से डरने लगा था, साथ ही उसे यह अहसास हो गया था कि वह उससे कई ज्यादा होशियार और समझदार है, शायद उसका दिल आराधना की तरफ मुड़ चुका था, लेकिन अपनी झूठी शान और अकड़ उसे आराधना से माफी माँगने से रोक देती है...... कुछ दिन बाद कॉलेज में एक वाद-विवाद प्रतियोगिता रखी जाती है, आराधना इस प्रतियोगिता को लेकर बहुत उत्साहित है, दूसरी तरफ मोहित को इसमें बिल्कुल भी रुचि नहीं होती, आराधना और उसके साथी कॉलेज के गार्डन में बैठे इसकी तैयारी कर रहे थे तभी मोहित और उसके कुछ दोस्त वहां आ गए.....! आराधना को खुश देखकर मोहित बेवजह ही खुश हो जाता था लेकिन दिखावे के लिए वह उसको तंग करने का मौका ढूंढता रहता था, तभी उसने एक कागज पर लूज़र्स लिखकर आराधना और उसके साथियों के बीच फैंक दिया लेकिन आराधना से पहले बीच में ही सपना ने वह कागज उठा लिया और उसे खोल कर देखा तो वह अपने गुस्से पर काबू नहीं कर पाई और उसने सभी के सामने मोहित की कॉलर पकड़ ली। दोनों के बीच बातचीत- सपना:- तुम अपने आप ...