मन
भरता नहीं मन तस्वीरों से बता क्या करूँ लाख कोशिशों का नतीजा केवल तस्वीर ll तेरी यादों का सजदा करूँ या सौदा भरता नहीं मन तस्वीरों से बता क्या करूँ ll अक्सर हांथों पर तेरा नाम लिखा करती हूँ तू ही बता अब इस मेहंदी का क्या करूँ ll कुछ ख़ाब अधूरे हैं इन आँखों के तू ही बता तेरी यादों का क्या करूँ ll भरता नहीं मन तस्वीरों से बता क्या करूँ... ✍️ज्योति प्रिया