Posts

Showing posts with the label ज्योति सिंह वेदी

गान सुनाएँ

Image
चीं चीं चीं चीं  गान सुनाएँ,        चिड़िया यूँ हीं हंँसाती  l प्रकृति  के सब रागों में वो ,        सुंगधित गूंँज धड़काती l चीं चीं चीं चीं गान सुनाएँ,        चिड़िया यूँ ही हंँसाती l पानी पीकर झूमें नाचे,     तराशी सारी पाखी हैं l सरगम साज सजे हैं हरदम ,        जैसे गाएँ साखी हैं l पवन वेग में उड़ती जाएँ,       सुनहरी पंखे फुदकाती l चीं चीं चीं चीं गान सुनाएँ,        चिड़िया यूँ ही हँसाती l          साथी साथ उड़े गूँजे रे,        बलखाती शर्माती हैं l पावन सपनें पंख पंख में,       सब हरदम ले चलती हैं l धुन में अपनी उड़ती जाएँ,        प्रेम रंग ही बरसाती l चीं चीं चीं चीं  गान सुनाएँ,       चिड़िया यूँ ही हंँसाती  l कूँ - कूँ कर पीड़ा भूलाते,      मीठी वाणी रस घोले l कहे सदा हमें अपने सपन,      सींचो ऊँचे विचार को ...