दिमाग करे हड़ताल


परीक्षा के इस मौसम में
हर विद्यार्थी बेहाल
प्रश्नपत्र को देख सबका
दिमाग करे हड़ताल

मैथ्स की तैयारी में रट डालें
सारे थ्योरम और फ़ार्मूले
चाहे प्रैक्टिस किये हों 
सारे के सारे सवाल
प्रश्नपत्र को देख सबका
दिमाग करे हड़ताल

फ़िज़िक्स और बायो,केमिस्ट्री
हर चेप्टर पढ़ने में गुजरे रात्रि
सो न पाने का, 
चाहे न करे मलाल
प्रश्नपत्र को देख सबका
दिमाग करे हड़ताल

रुला देती हिस्ट्री, जॉग्राफी
कितना भी पढ़ें, रहता है बाकी
पासिंग मार्क्स पाकर भी 
हो जाते हैं निहाल
प्रश्नपत्र को देख सबका
दिमाग करे हड़ताल

आखिर क्यों होती है परीक्षा
यह तो होती है पर+इच्छा
चौबीस घण्टे पढ़कर भी
न बेस्ट हो सके ऑल
प्रश्नपत्र को देख सबका
दिमाग करे हड़ताल

प्रीति ताम्रकार
जबलपुर ,मप्र

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